उत्तराखंड में मई की शुरुआत इस बार पूरी तरह बदले हुए मौसम के साथ हुई है। 2 मई को प्रदेश में दिनभर मौसम अस्थिर बना रहा—कहीं हल्की धूप तो कहीं बादलों की आवाजाही ने माहौल को बदलता हुआ रखा।
मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में प्रदेश में राहत और चुनौती दोनों देखने को मिल सकती हैं। एक तरफ जहां तापमान में गिरावट से गर्मी से कुछ राहत मिल रही है, वहीं दूसरी तरफ बारिश, तेज हवाएं और बिजली गिरने की संभावना ने चिंता भी बढ़ा दी है।
पिछले कुछ दिनों में कई जिलों में बारिश के साथ ओलावृष्टि और ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी भी देखने को मिली है। तेज हवाओं ने कई जगह सामान्य जनजीवन को प्रभावित किया, जबकि किसानों को फसलों के नुकसान का सामना करना पड़ा।
मौसम विभाग का अनुमान है कि 2 मई को भी खासतौर पर पर्वतीय क्षेत्रों में बादल छाए रहेंगे और कुछ जगह हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। साथ ही तेज हवाएं और बिजली कड़कने की संभावना भी बनी हुई है। इसी कारण प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी है।
3 और 4 मई को मौसम और अधिक सक्रिय रहने का अनुमान है। इन दिनों प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश के साथ 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। आकाशीय बिजली गिरने की संभावना को देखते हुए सावधानी बरतने की अपील की गई है।
5 मई तक बारिश का असर जारी रह सकता है, हालांकि इसके बाद धीरे-धीरे मौसम में सुधार के संकेत हैं। 6 मई से अधिकांश क्षेत्रों में राहत मिलने की उम्मीद है, लेकिन पर्वतीय इलाकों में 7 और 8 मई को हल्की बारिश फिर से दस्तक दे सकती है।
पूरे सप्ताह मौसम के उतार-चढ़ाव को देखते हुए प्रशासन और आपदा प्रबंधन विभाग अलर्ट मोड में हैं। लोगों को सुरक्षित स्थानों पर रहने और मौसम अपडेट पर नजर बनाए रखने की सलाह दी गई है।




